कांग्रेस का फैसला संगठन को मजबूत करने वाला, भाजपा की दलगत राजनीति बेनकाब: नरेश चौहान

मुख्यमंत्री के प्रधान मीडिया सलाहकार नरेश चौहान ने आज यहां कहा कि कांग्रेस नेतृत्व द्वारा कांगड़ा के जिला कांग्रेस समिति अध्यक्ष अनुराग शर्मा को राज्यसभा के लिए अवसर देना इस बात का स्पष्ट संदेश है कि कांग्रेस पार्टी में जमीनी स्तर पर काम करने वाले कार्यकर्ताओं को सम्मान और अवसर मिलता है। यह निर्णय कांग्रेस नेता राहुल गांधी की उस सोच को दर्शाता है जिसके तहत संगठन को मजबूत करने और कार्यकर्ताओं को आगे लाने पर बल दिया जा रहा है।


उन्होंने कहा कि कांग्रेस हमेशा लोकतांत्रिक परंपराओं का सम्मान करती आई है, जबकि भाजपा सत्ता, दबाव और धनबल के सहारे राजनीति करने की कोशिश करती रही है। पिछले राज्यसभा चुनाव के दौरान हिमाचल में जिस प्रकार का माहौल बनाया गया था, वह लोकतंत्र की भावना के अनुरूप नहीं था। इस बार बहुमत के आधार पर शांतिपूर्ण ढंग से चुनाव होना लोकतांत्रिक मूल्यों की जीत है।


नरेश चौहान ने कहा कि कांग्रेस सरकार प्रदेश में व्यवस्था परिवर्तन के लक्ष्य के साथ काम कर रही है।
पंचायत चुनावों को लेकर उन्होंने कहा कि सरकार लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है। डिजास्टर एक्ट समाप्त होने के बाद अब पंचायत चुनाव करवाने का रास्ता साफ हो गया है और सरकार का लक्ष्य है कि मई माह तक प्रदेश में पंचायत चुनाव संपन्न करवा दिए जाएं। नई पंचायतों के गठन और परिसीमन की प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी है तथा मतदाता सूचियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।


उन्होंने कहा कि विपक्ष केवल अनावश्यक बयानबाजी और भ्रम फैलाने की राजनीति कर रहा है, जबकि कांग्रेस सरकार विकास और जनहित के मुद्दों पर गंभीरता से काम कर रही है। प्रदेश की जनता भाजपा की दलगत राजनीति को समझ चुकी है और आने वाले समय में भी विकास और जनहित की राजनीति को ही समर्थन मिलेगा।